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जगाधयी

(हरयमाणा) – भें सनातन धभम सीननमय

सेकण्डयी स्कूर भें नैनतक शिऺा चरयत्र ननभामण ऩय काममक्रभ आमोजक –स्थानीम सेवाकेंद्र जगाधयी (हरयमाणा) भख् ु म वक्ता ---फी के बगवान ् बाई भाउॊ ट आफू ववषम – नैनतक शिऺा चरयत्र ननभामण सहामक वरॊशसऩर –श्रीभती सॊध्मा गगम श्रीभनत---जगधधश्री गुप्ता सीननमय शिक्षऺका फी के उषा

फहन असॊध हरयमाणा

सेंटय रबायी

फी के सुषभा जगाधयी हरयमाणा फी के तेजस असॊध हरयमाणा इस अवसय ऩय फी के बगवान ् बाई ने कहा कक ऩढाई भें आऩकी चाहे ककतनी बी ददरचस्ऩी हो मा ऩढने का जूनून हो ऩयन्तु ऩयीऺा के वक्त अधधकाॊि छात्र तनाव (Stress) की स्स्थनत भें आ ही जाते है . ऩयीऺा का थोड़ा


फहुत तनाव तो Student को ऩढने के शरए रेरयत कयता है रेककन इस तनाव की अधधकता आऩके शरए नुकसानदामक हो सकती है . उन्होंने कहा कक कई छात्र एग्जाभ के सभम अऩने ऩढाई के टाइभ को फहुत फढ़ा दे ते है औय कुछ अच्छे फच्चे औय अधधक नॊफय राने के चक्कय भें ददन बय ककताफो से धचऩके यहते है . ऐसी स्स्थनत का ऩरयणाभ मह होता है की Student ऩयीऺा के दौयान तो Stress भें यहता ही है , साथ ही वह Result आने तक बी धचॊता भें डूफा यहता है . ककसी Student के शरए मह सफ ठीक नहीॊ है . ऩयीऺा से होने वारे तनाव के कायण बम व डय की स्स्थनत उत्ऩन्न होती है स्जसे एग्जाभ पोबफमा (Exam Phobia) कहा जाता है. ऐसी Situation भें स्टूडेंट को कड़ी व ऩयू ी भेहनत कयने के फावजूद बी अनुकूर ऩरयणाभ नहीॊ शभर ऩाता औय वह छात्र अगय high marks राने वारा होता है तो उसके marks फहुत ही कभ आते है . जो उसके Future को अन्धकाय भें रे जा सकता है . इसशरए आऩके शरए मह जरुयी है की इस तनाव को खुद ऩय हावी न होने दे


औय इससे फचे अशबबावकों (Perents) से फेहतय ऩरयणाभ राने का दवाफ होना –बगवान ् बाई ने कहा कक वतमभान भें ववद्मथी के तनाव का एक मह बी कायण है कक Perents का अऩने फच्चे ऩय अधधक marks राने का भाॉ फाऩ का दफाव डारना, जो रगबग हय स्टूडेंट के तनाव का कायण फनता है . हय भाता – वऩता मह चाहते है की उनका फच्चा फहुत अच्छे marks रामे औय उनका नाभ योिन कये . अच्छे marks से उसे अच्छे कॉरेज भें दाखखरा शभर जामेगा मा वो उसे कोई कोसम कयामे स्जससे उसका बववष्म उज्जज्जवर फने. इस तयह का दफाव फाय – फाय डारने से स्टूडेंट ऩय फहुत ज्जमादा marks राने का फोझ ऩड़ जाता है . जो उसको तनाव भें धकेर दे ता है . कई छात्र ऩयू े सारबय भौज – भस्ती कयते है औय जफ ऩयीऺा की घडी आती है उस सभम फहुत ऩये िान हो जाते है . वे ऩयीऺा के ददनों से कुछ सभम ऩूवम ऩढ़ना आयम्ब कयते है स्जससे उनको अऩनी ऩढाई एक चट्टान नजय आती है . ऩढाई कयने का दफाव उनको भानशसक तौय ऩय फीभाय फनाने रगता है .


उन्हों ने फतामा कक ऩूये सारबय थोड़ा – थोड़ा बी ऩढता है वह ऩरयऺा के सभम धचॊता से भक् ु त यहता है वही उन छात्रो को इस सभम फहुत कदठनाई होती है स्जन्होंने ऩूये सार कुछ बी ऩढ़ा नहीॊ होता. इसशरए Exam के शरए ऩयू ी तयह Prepare न होना Students भें तनाव का Reason होता है.मह दफाव हय उस छात्र को होता है स्जसको अच्छे नॊफय राने होते है . आऩने 3 इडडमट्स का मह डामरॉग जरुय सन ु ा होगा की ” खद ु के Fail होने ऩय उतना द्ु ख नहीॊ होता है स्जतना द्ु ख अऩने Best दोस्त के रथभ आने ऩय होता है ”. मह भानवीम रकृनत है जो बफल्कुर सच है. अऩनी Class भें सफसे ज्जमादा नॊफय राना मा अऩने िहय भें सफसे ज्जमदा marks राना. भेरयट शरस्ट भें खद ु को िाशभर कयना. मह वह दफाव होता है जो स्टूडेंट खद ु भें रेता है .

अच्छे भाक्सम राने का दफाव बी छात्र को तनाव भें डारता है .ऩयू े सार आऩ ऩढाई कयते है औय कपय आऩको


अऩना ऩूये सार का Report Card दे ना होता है जो की Exam के रूऩ भें आऩके साभने आता है . जफ ऩयीऺा ऩयू ी हो जाती है तो आऩको Free Time शभरता है.इस सभम उन स्टूडेंट्स को कुछ बी Problem नहीॊ होती स्जन्होने ऩयू े आत्भववश्वास औय रगन से ऩयीऺा दी होती है रेककन स्जस छात्र ने अच्छी तयह से ऩढ़कय औय ऩूयी रगन से एग्जाभ नहीॊ ददए होते है मा स्जसको अच्छा रयजल्ट आने का कॉस्न्पडेंस नहीॊ होता वे छात्र इस सभम फहुत ऩये िान यहते है औय वे Stress की चऩेट भें आते है .चाहे ऩयीऺा के तैमायी का सभम हो, ऩयीऺा का वक्त हो मा उसके फाद रयजल्ट के इन्तजाय का भाहौर हो. इस Stress से फचना फहुत जरुयी है . इसशरए रयरैक्स स्टडी से ही अच्छे ऩरयणाभ की उम्भीद की जा सकती है . Relaxed यहे औय Relaxed Study कये . रोग्राभ के अॊत भें उऩ वरॊशसऩर ने बी अऩना उद्बोधन ददमा गमा


जगाधरी (हरियाणा) – में सनातन धर्म सीनियर सेकण्डरी स्कूल में नैतिक शिक्षा चरित्र निर्माण पर कार्यक्रम  
जगाधरी (हरियाणा) – में सनातन धर्म सीनियर सेकण्डरी स्कूल में नैतिक शिक्षा चरित्र निर्माण पर कार्यक्रम  
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